पाठ : फूल और काँटा (प्रश्न-उत्तर)
मेरी समझ से
(क) कविता के आधार पर नीचे दिए गए प्रश्नों का सटीक उत्तर कौन-सा है?
(1) कविता में काँटे के बारे में कौन-सा वाक्य सत्य है?
- काँटा अपने आस-पास की सुगंध को नष्ट करता है।
- काँटा तितलियों और भौंरों को आकर्षित करता है।
- काँटा उँगिलयों को छेदता है और वस्त्र फाड़ देता है।
- काँटा पौधे को हानि पहुंचता है।
उत्तर: काँटा उँगलियों को छेदता है और वस्त्र फाड़ देता है।
(2) कविता में फूल और काँटे में समानताओं और विभिन्नताओं का उल्लेख किया गया है। निम्नलिखित में से कौन-सा वाक्य इन्हें सही रूप में व्यक्त करता है?
- फूल सुंदरता का प्रतीक है और काँटा कठोरता का।
- फूल और काँटे के बारे में लोगों के विचार समान होते हैं।
- फूल और काँटे एक ही पौधे पर उगते हैं, लेकिन उनके स्वभाव भिन्न होते हैं।
- फूल और काँटे को समान देखभाल मिलती है फिर भी उनके रंग-ढंग अलग होते हैं।
उत्तर: फूल और काँटा एक ही स्थान पर जन्म लेते हैं और एक ही परिस्थितियों में पलते हैं, फिर भी उनके स्वभाव में बहुत अंतर होता है।
(3) कविता के आधार पर कौन-सा निष्कर्ष उपयुक्त है?
- व्यक्ति का कुल ही उसके सम्मान का आधार होता है।
- व्यक्ति के कार्य के कारण ही लोग उसका सम्मान करते हैं।
- कुल की प्रतिष्ठा हमेशा व्यक्ति के गुणों से बड़ी होती है।
- यदि व्यक्ति अच्छे कार्य करता है तो उसके कुल को प्रसिद्धि मिलती है।
उत्तर – यदि व्यक्ति अच्छे कार्य करता है तो उसके कुल को प्रसिद्धि मिलती है।
(4) कविता के अनुसार निम्नलिखित में से कौन-सा कथन ‘बड़प्पन’ के लिए सर्वाधिक उपयुक्त है?
- धन-दौलत और ताकत से व्यक्ति के बड़प्पन का पता चलता है।
- कुल के बड़प्पन की प्रशंसा व्यक्ति की कमियों को ढक देती है।
- बड़प्पन व्यक्ति के गुणों, स्वभाव और कर्मों से पहचाना जाता है।
- कुल का नाम व्यक्ति में बड़प्पन की पहचान का मुख्य आधार है।
उत्तर: बड़प्पन व्यक्ति के गुणों, स्वभाव और कर्मों से पहचाना जाता है।
पंक्तियों पर चर्चा
प्रश्न: नीचे दी गई पंक्तियों का अर्थ स्पष्ट कीजिए—
“किस तरह कुल की बड़ाई काम दे, जो किसी में हो बड़प्पन की कसर।”
उत्तर: इन पंक्तियों का अर्थ है कि यदि किसी व्यक्ति के स्वभाव और कर्म अच्छे नहीं हैं, तो केवल ऊँचे खानदान (कुल) में जन्म लेने से वह महान नहीं बन जाता। व्यक्ति की असली पहचान उसके अच्छे व्यवहार से होती है।
“है खटकता एक सब की आँख में, दूसरा है सोहता सुर शीश पर।”
उत्तर: इसका आशय यह है कि अपने बुरे स्वभाव के कारण काँटा सबकी आँखों में चुभता है (सबको नापसंद है), जबकि अपने परोपकारी स्वभाव के कारण फूल देवताओं के चरणों में चढ़ाया जाता है और सबका प्रिय होता है।
मिलकर करें मिलान
यहाँ कविता की विशेषताओं का उनकी सही पंक्तियों के साथ मिलान दिया गया है:
| कविता की विशेषताएँ | सही पंक्तियाँ |
|---|---|
| 1. एक ही वर्ण से शुरू होने वाले दो शब्द साथ आए हैं | फाड़ देता है किसी का वर बसन (‘व’ वर्ण की आवृत्ति) |
| 2. मुहावरे का प्रयोग किया गया है | है सदा देता कली का जी खिला (‘जी खिला’ एक मुहावरा है) |
| 3. प्रश्न पूछा गया है | किस तरह कुल की बड़ाई काम दे |
| 4. प्राकृतिक वस्तुओं में मानवीय कार्यों/भावनाओं का वर्णन | फूल लेकर तितलियों को गोद में |
| 5. एक-दूसरे के विपरीत अर्थ वाले शब्दों का प्रयोग | है खटकता एक सब की आँख में, दूसरा है सोहता सुर शीश पर |
सोच-विचार के लिए
(क) कविता में ऐसी कौन-कौन सी समानताओं का उल्लेख किया गया है जो सभी पौधों पर समान रूप से लागू होती हैं?
उत्तर: कविता के अनुसार, सभी पौधों का जन्म एक ही स्थान पर होता है, एक ही पौधा (प्रकृति) उन्हें पालता है, उन पर चाँदनी एक जैसी पड़ती है और बादल (मेह) भी उन पर समान रूप से बरसता है।
(ख) आपको फूल और काँटे के स्वभाव में मुख्य रूप से कौन-सा अंतर दिखाई दिया?
उत्तर: काँटा दूसरों को कष्ट देता है (उँगलियाँ छेदना, कपड़े फाड़ना), जबकि फूल दूसरों को सुख और आनंद देता है (तितलियों को गोद में लेना, भँवरे को रस पिलाना और अपनी सुगंध फैलाना)।
(ग) कविता में मुख्य रूप से कौन-सी बात कही गई है? उसे पहचानिए और अपने शब्दों में लिखिए।
उत्तर: कविता का मुख्य संदेश यह है कि मनुष्य की महानता उसके ऊँचे कुल से नहीं, बल्कि उसके अच्छे गुणों और व्यवहार से तय होती है।
(घ) “किस तरह कुल की बड़ाई काम दे, जो किसी में हो बड़प्पन की कसर।” उदाहरण देकर समझाइए।
उत्तर: इसका अर्थ है कि यदि कोई व्यक्ति बहुत ऊँचे खानदान का है लेकिन वह दूसरों का अपमान करता है या उन्हें दुख पहुँचाता है, तो उसके खानदान का नाम उसे सम्मान नहीं दिला सकता। जैसे काँटा एक ही पौधे पर होने के बावजूद बुरा कहलाता है।
(ङ) लोग कैसे स्वभाव के व्यक्तियों की प्रशंसा करते हैं और कैसे स्वभाव वाले व्यक्तियों से दूर रहना पसंद करते हैं?
उत्तर: लोग फूल जैसे कोमल, दयालु और परोपकारी स्वभाव वाले व्यक्तियों की प्रशंसा करते हैं। वे काँटे जैसे कठोर और दूसरों को पीड़ा पहुँचाने वाले व्यक्तियों से दूर रहना पसंद करते हैं।
अनुमान और कल्पना से
(क) कल्पना कीजिए कि चाँदनी, हवा और मेघ केवल एक पौधे पर बरसते हैं। बाकी पौधे इनके बिना कैसे दिखेंगे?
उत्तर: चाँदनी, हवा और पानी के बिना बाकी पौधे मुरझा जाएँगे, वे अपनी रंगत खो देंगे और जीवित नहीं रह पाएँगे।
(ख) यदि सभी पौधे एक जैसे होते तो दुनिया कैसी लगती?
उत्तर: यदि सब कुछ एक जैसा होता, तो दुनिया नीरस और उबाऊ लगती। प्रकृति की विविधता ही इसे सुंदर और रोचक बनाती है।
(ग) यदि काँटे न होते और हर पौधा केवल फूलों से भरा होता तो क्या होता?
उत्तर: दुनिया बहुत अधिक कोमल और सुखद होती, लेकिन काँटों के बिना पौधों की सुरक्षा कम हो जाती और हमें अच्छे-बुरे के बीच अंतर समझने का अवसर नहीं मिलता।
(ङ) यदि आपको किसी काँटे, फूल या दोनों के गुणों के साथ जीवन जीने का अवसर मिले, तो आप किसे चुनेंगे?
उत्तर: मैं फूल के गुणों को अपनाना चाहूँगा क्योंकि फूल अपनी सुगंध और व्यवहार से चारों ओर प्रसन्नता और आनंद फैलाता है।
शब्द से जुड़े शब्द
प्रश्न: रिक्त स्थानों में ‘बड़प्पन’ से जुड़े शब्द लिखिए—
उत्तर: महानता, गौरव, श्रेष्ठता, उदारता, गरिमा, प्रतिष्ठा।
विशेषण और विशेष्य
(क) पंक्तियों में विशेषण और विशेष्य की पहचान करके लिखिए:
- श्याम तन: विशेषण – श्याम, विशेष्य – तन
- वर बसन: विशेषण – वर, विशेष्य – बसन
- अनूठा रस: विशेषण – अनूठा, विशेष्य – रस
- निराले ढंग: विशेषण – निराले, विशेष्य – ढंग
(ख) दिए गए विशेष्यों के लिए अपने मन से विशेषण लिखिए:
- फूल: सुंदर, कोमल
- काँटा: नुकीला, तीखा
- मेह: शीतल, मूसलाधार
- चाँद: चमकीला, शीतल
- रात: अँधेरी, चाँदनी
कविता का सौंदर्य
प्रश्न: उपयुक्त शब्द चुनकर पंक्तियाँ पूरी कीजिए—
- रात में उन पर चमकता चाँद भी।
- मेह उन पर है बरसता एक सा, एक सी उन पर बयारें हैं बही।